राजिम के दुतकैया गांव में बवाल, दो गुटों की हिंसा से जले मकान, पुलिस चौकसी बढ़ी

गरियाबंद।
राजिम क्षेत्र के दुतकैया गांव में रविवार को दो गुटों के बीच हुए हिंसक टकराव ने पूरे इलाके को हिला कर रख दिया। पुराने विवाद से शुरू हुई कहासुनी देखते ही देखते आगजनी, पथराव और मारपीट में बदल गई। हालात इतने बिगड़े कि गांव को पुलिस छावनी बनाना पड़ा।
हमले से फैली दहशत
घटना की शुरुआत तब हुई जब रास्ते से गुजर रहे कुछ युवकों पर हमला किया गया। आरोप है कि अरविंद साहू के सिर पर जानलेवा वार किया गया। नरेंद्र साहू, रेखु यादव और परमानंद साहू भी हमले में घायल हुए। इस घटना ने गांव में भय और आक्रोश दोनों फैला दिए।
बंधक बनाकर की गई पिटाई
ग्रामीणों के मुताबिक तीन लोगों को करीब चार घंटे तक बंधक बनाकर पीटा गया। जब यह खबर गांव में फैली तो लोगों का गुस्सा फूट पड़ा और वे आरोपियों के घर की ओर बढ़ गए।
आगजनी और तोड़फोड़
आरोपियों के घर पर पहुंची भीड़ पर मिर्ची पाउडर फेंका गया, जिससे स्थिति और बिगड़ गई। इसके बाद एक आरोपी के घर को आग के हवाले कर दिया गया। दोनों पक्षों के बीच हुई हिंसा में करीब 12 मकानों में तोड़फोड़ और आगजनी की गई।
पुलिस को करना पड़ा बल प्रयोग
हालात बेकाबू होते देख पुलिस को हल्का बल प्रयोग करना पड़ा। भीड़ ने पुलिस पर भी पथराव किया, जिसमें पांच पुलिसकर्मी घायल हुए। दमकल की मदद से आग पर काबू पाया गया।
तीन गिरफ्तार, सर्चिंग जारी
पुलिस ने तीन आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। मुख्य आरोपी आरिफ खान को जेल भेज दिया गया है। अन्य आरोपियों की तलाश में लगातार सर्चिंग अभियान चलाया जा रहा है।
संगठनों में आक्रोश
साहू समाज और बजरंग दल के कार्यकर्ताओं ने घटना को लेकर नाराजगी जताई है। उन्होंने प्रशासन से दोषियों पर कड़ी कार्रवाई की मांग की है।
स्थिति सामान्य होने की ओर
एसपी वेदव्रत सिरमौर के अनुसार गांव में स्थिति अब नियंत्रण में है। पुलिस बल की तैनाती जारी है और नुकसान का आकलन किया जा रहा है।



